परमाणु संरचना
Q1. इलेक्ट्रॉन की खोज का श्रेय निम्नलिखित में से किस वैज्ञानिक को दिया जाता है?
(a) जे. जे. थॉमसन
(b) जेम्स चैडविक
(c) ई. रदरफोर्ड
(d) जॉन डाल्टन
Ans. (a)
Solution: 1897 में ब्रिटिश भौतिक विज्ञानी जे. जे. थॉमसन ने कैथोड किरणों के प्रयोगों के माध्यम से इलेक्ट्रॉन की खोज की थी।
Q2. परमाणु के नाभिक (Nucleus) में उपस्थित प्रोटॉन और न्यूट्रॉन की कुल संख्या के योग को क्या कहा जाता है?
(a) परमाणु क्रमांक
(b) द्रव्यमान संख्या (Mass Number)
(c) समस्थानिक संख्या
(d) संयोजकता
Ans. (b)
Solution: किसी परमाणु के नाभिक में मौजूद प्रोटॉनों और न्यूट्रॉनों की कुल संख्या के योग को उसकी द्रव्यमान संख्या (A) कहते हैं। इसे न्यूक्लिऑन की संख्या भी कहा जाता है।
Q3. न्यूट्रॉन एक आवेशहीन (Neutral) कण है, इसकी खोज 1932 में किसने की थी?
(a) गोल्डस्टीन
(b) जे. जे. थॉमसन
(c) जेम्स चैडविक (James Chadwick)
(d) नील्स बोर
Ans. (c)
Solution: जेम्स चैडविक ने बेरिलियम धातु पर अल्फा कणों की बौछार करके न्यूट्रॉन की खोज की थी, जिस पर कोई विद्युत आवेश नहीं होता है।
Q4. ऐसे परमाणु जिनकी परमाणु संख्या (Atomic Number) समान होती है, लेकिन द्रव्यमान संख्या (Mass Number) भिन्न होती है, क्या कहलाते हैं?
(a) समभारिक (Isobars)
(b) समस्थानिक (Isotopes)
(c) समन्यूट्रॉनिक
(d) समावयवी
Ans. (b)
Solution: समान परमाणु क्रमांक वाले लेकिन अलग-अलग द्रव्यमान वाले तत्वों को समस्थानिक कहते हैं, जैसे हाइड्रोजन के तीन समस्थानिक: प्रोटियम, ड्यूटेरियम और ट्रिटियम।
Q5. हाइड्रोजन का वह कौन सा समस्थानिक (Isotope) है, जो रेडियोधर्मी (Radioactive) गुण प्रदर्शित करता है?
(a) प्रोटियम
(b) ड्यूटेरियम
(c) ट्रिटियम (Tritium)
(d) हाइड्रोनियम
Ans. (c)
Solution: ट्रिटियम (3H या T) हाइड्रोजन का एकमात्र ऐसा समस्थानिक है जो अस्थिर होता है और रेडियोधर्मी बीटा कण उत्सर्जित करता है।
Q6. परमाणु के नाभिक की खोज के लिए रदरफोर्ड ने अपने प्रसिद्ध प्रयोग में किस धातु की पतली पन्नी पर अल्फा (α) कणों की बौछार की थी?
(a) चांदी
(b) एल्युमिनियम
(c) तांबा
(d) सोना (Gold)
Ans. (d)
Solution: रदरफोर्ड ने सोने की अत्यंत पतली पन्नी (Gold Foil) का उपयोग किया था क्योंकि सोने को बहुत ही बारीक परत के रूप में पीटा जा सकता था।
Q7. समभारिक (Isobars) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन सा कथन पूरी तरह सत्य है?
(a) इनकी परमाणु संख्या समान होती है
(b) इनकी द्रव्यमान संख्या समान होती है लेकिन परमाणु संख्या भिन्न होती है
(c) इनमें न्यूट्रॉनों की संख्या हमेशा समान होती है
(d) ये एक ही तत्व के परमाणु होते हैं
Ans. (b)
Solution: अलग-अलग तत्वों के वे परमाणु जिनकी द्रव्यमान संख्या (A) समान होती है लेकिन परमाणु संख्या (Z) अलग होती है, समभारिक कहलाते हैं, जैसे आर्गन (Argon-40) और कैल्शियम (Calcium-40)।
Q8. यदि किसी तत्व का परमाणु क्रमांक (Atomic Number) 11 है और उसकी द्रव्यमान संख्या 23 है, तो उसमें न्यूट्रॉनों की संख्या कितनी होगी?
(a) 11
(b) 12
(c) 23
(d) 34
Ans. (b)
Solution: न्यूट्रॉनों की संख्या = द्रव्यमान संख्या - परमाणु क्रमांक (23 - 11 = 12)। यह तत्व सोडियम (Na) है।
Q9. कैथोड किरणें (Cathode Rays) वास्तव में किसकी तीव्र गति से चलने वाली धारा होती हैं?
(a) प्रोटॉनों की
(b) न्यूट्रॉनों की
(c) इलेक्ट्रॉनों की (Electrons)
(d) पॉज़िट्रॉन की
Ans. (c)
Solution: कैथोड किरणें विसर्जन नलिका में उच्च विभवांतर पर कैथोड (ऋण इलेक्ट्रोड) से निकलने वाली ऋणावेशित कणों यानी इलेक्ट्रॉनों की तीव्र बौछार होती हैं।
Q10. घेंघा रोग (Goitre) के इलाज और चिकित्सा में किस तत्व के समस्थानिक (Isotope) का उपयोग किया जाता है?
(a) कोबाल्ट के समस्थानिक का
(b) आयोडीन के समस्थानिक का (Iodine Isotope)
(c) यूरेनियम के समस्थानिक का
(d) कार्बन के समस्थानिक का
Ans. (b)
Solution: आयोडीन-131 (I-131) समस्थानिक का उपयोग थायराइड ग्रंथि से संबंधित घेंघा रोग के उपचार और जांच के लिए किया जाता है।
Q11. परमाणु के नाभिक (Nucleus) में कौन से मूल कण उपस्थित होते हैं?
(a) इलेक्ट्रॉन और प्रोटॉन
(b) प्रोटॉन और न्यूट्रॉन
(c) इलेक्ट्रॉन और न्यूट्रॉन
(d) केवल प्रोटॉन
Ans. (b)
Solution: परमाणु का नाभिक धनावेशित होता है, जिसमें प्रोटॉन (धनावेशित) और न्यूट्रॉन (उदासीन) पाए जाते हैं। इलेक्ट्रॉन नाभिक के बाहर चक्कर लगाते हैं।
Q12. परमाणु का अधिकांश भाग खाली होता है और उसका पूरा द्रव्यमान एक छोटे से केंद्र में समाहित होता है। यह निष्कर्ष रदरफोर्ड को किस प्रयोग से मिला?
(a) कैथोड किरण प्रयोग
(b) अल्फा कण प्रकीर्णन प्रयोग (Alpha Particle Scattering Experiment)
(c) तेल बूंद प्रयोग
(d) एक्स-रे प्रयोग
Ans. (b)
Solution: जब रदरफोर्ड ने सोने की पत्ती पर अल्फा कणों की बौछार की, तो अधिकांश कण सीधे निकल गए और बहुत कम कण वापस लौटे। इससे सिद्ध हुआ कि परमाणु का केंद्र बहुत छोटा और ठोस है, जिसे नाभिक कहा गया।
Q13. कैंसर के उपचार में किस तत्व के समस्थानिक (Isotope) का उपयोग मुख्य रूप से किया जाता है?
(a) यूरेनियम-235
(b) कोबाल्ट-60 (Cobalt-60)
(c) आयोडीन-131
(d) कार्बन-14
Ans. (b)
Solution: कोबाल्ट का समस्थानिक कोबाल्ट-60 उच्च ऊर्जा वाली गामा किरणें उत्सर्जित करता है, जिनका उपयोग कैंसर की ट्यूमर कोशिकाओं को नष्ट करने के लिए किया जाता है।
Q14. यूरेनियम के एक समस्थानिक (U-235) का उपयोग किस महत्वपूर्ण कार्य के लिए किया जाता है?
(a) घेंघा रोग के इलाज में
(b) परमाणु भट्टी (Nuclear Reactor) में ईंधन के रूप में
(c) कैंसर के इलाज में
(d) चट्टानों की उम्र पता करने में
Ans. (b)
Solution: यूरेनियम-235 का उपयोग परमाणु रिएक्टरों में ईंधन के रूप में किया जाता है, जहाँ नियंत्रित नाभिकीय विखंडन द्वारा बिजली बनाई जाती है।
Q15. किसी उदासीन परमाणु (Neutral Atom) में इलेक्ट्रॉनों की संख्या हमेशा किसके बराबर होती है?
(a) न्यूट्रॉनों की संख्या के
(b) प्रोटॉनों की संख्या (या परमाणु क्रमांक) के
(c) द्रव्यमान संख्या के
(d) परमाणु भार के
Ans. (b)
Solution: एक सामान्य उदासीन परमाणु पर कोई कुल आवेश नहीं होता क्योंकि उसमें जितने ऋणावेशित इलेक्ट्रॉन होते हैं, ठीक उतने ही धनावेशित प्रोटॉन नाभिक में मौजूद होते हैं।
Q16. परमाणु की बाहरी कक्षाओं में इलेक्ट्रॉनों के वितरण के नियम (बोर-बियरी योजना) के अनुसार, किसी भी कक्षा में अधिकतम इलेक्ट्रॉनों की संख्या का सूत्र क्या है?
(a) 2n
(b) n^2
(c) 2n^2
(d) 4n^2
Ans. (c)
Solution: किसी कक्षा (shell) में अधिकतम इलेक्ट्रॉनों की संख्या '2n^2' सूत्र से निकाली जाती है, जहाँ n कक्षा की संख्या (जैसे 1, 2, 3...) है।
Q17. परमाणु की सबसे बाहरी कक्षा (Outermost Shell) में अधिकतम कितने इलेक्ट्रॉन रह सकते हैं?
(a) 2
(b) 8
(c) 18
(d) 32
Ans. (b)
Solution: बोर-बियरी नियम के अनुसार, किसी भी परमाणु की सबसे बाहरी कक्षा में 8 से अधिक इलेक्ट्रॉन नहीं रह सकते, भले ही उसकी क्षमता अधिक क्यों न हो (अष्टक नियम)।
Q18. कार्बन डेटिंग (Carbon Dating) पद्धति में जीवाश्मों और पुरानी लकड़ियों की आयु निर्धारण के लिए कार्बन के किस समस्थानिक का उपयोग होता है?
(a) कार्बन-12
(b) कार्बन-13
(c) कार्बन-14 (C-14)
(d) कार्बन-15
Ans. (c)
Solution: कार्बन-14 एक रेडियोधर्मी समस्थानिक है। मृत जीवों या पौधों में इसकी घटती मात्रा को मापकर उनकी आयु (हजारों वर्ष पुरानी) का पता लगाया जाता है।
Q19. यदि किसी तत्व की परमाणु संख्या (Z) 18 है और द्रव्यमान संख्या (A) 40 है, तथा दूसरे तत्व की परमाणु संख्या 20 और द्रव्यमान संख्या 40 है, तो ये दोनों आपस में क्या हैं?
(a) समस्थानिक (Isotopes)
(b) समभारिक (Isobars)
(c) समन्यूट्रॉनिक
(d) समावयवी
Ans. (b)
Solution: यहाँ दोनों तत्वों (आर्गन और कैल्शियम) की द्रव्यमान संख्या समान (40) है, लेकिन परमाणु संख्या अलग-अलग (18 और 20) है। अतः ये समभारिक हैं।
Q20. परमाणु के नाभिक में उपस्थित प्रोटॉन पर कैसा विद्युत आवेश होता है?
(a) ऋणात्मक (Negative)
(b) धनात्मक (Positive)
(c) उदासीन (No Charge)
(d) परिवर्तनीय
Ans. (b)
Solution: प्रोटॉन एक धनावेशित कण है, जिस पर 1.6 x 10^-19 कूलॉम का धनावेश होता है। इलेक्ट्रॉन पर ठीक इतना ही ऋणावेश होता है।
Q21. परमाणु मॉडल के अनुसार, 'K' कक्षा (प्रथम कक्षा) में अधिकतम कितने इलेक्ट्रॉन आ सकते हैं?
(a) 2
(b) 8
(c) 18
(d) 32
Ans. (a)
Solution: सूत्र 2n^2 के अनुसार, पहली कक्षा (K) के लिए n = 1 होता है, इसलिए 2(1)^2 = 2 इलेक्ट्रॉन ही आ सकते हैं।
Q22. किसी परमाणु की रासायनिक प्रकृति और उसकी संयोजकता (Valency) मुख्य रूप से किस पर निर्भर करती है?
(a) नाभिक में न्यूट्रॉनों की संख्या पर
(b) कुल परमाणु द्रव्यमान पर
(c) सबसे बाहरी कक्षा में उपस्थित संयोजी इलेक्ट्रॉनों (Valence Electrons) पर
(d) परमाणु के आकार पर
Ans. (c)
Solution: सबसे बाहरी कक्षा के इलेक्ट्रॉन ही रासायनिक बंध बनाने में भाग लेते हैं। इन्हीं के आधार पर तत्व की संयोजकता तय होती है।
Q23. परमाणु संरचना के संबंध में 'प्लम पुडिंग मॉडल' (या वॉटरमेलन मॉडल) किस वैज्ञानिक ने दिया था?
(a) जे. जे. थॉमसन
(b) ई. रदरफोर्ड
(c) नील्स बोर
(d) जॉन डाल्टन
Ans. (a)
Solution: जे. जे. थॉमसन ने बताया था कि परमाणु तरबूज की तरह है, जिसमें धनावेश फैला हुआ है और इलेक्ट्रॉन उसमें तरबूज के बीजों (या पुडिंग में किशमिश) की तरह धंसे हुए हैं।
Q24. पॉज़िट्रॉन (Positron) की खोज किसने की थी, जिसे इलेक्ट्रॉन का 'एन्टी-पार्टिकल' (प्रतिकण) भी कहा जाता है?
(a) जेम्स चैडविक
(b) एंडरसन (Carl Anderson)
(c) युकावा
(d) गोल्डस्टीन
Ans. (b)
Solution: 1932 में कार्ल एंडरसन ने पॉज़िट्रॉन की खोज की थी। इसका द्रव्यमान इलेक्ट्रॉन के बराबर होता है, लेकिन इस पर धनावेश होता है।
Q25. कैनाल किरणें (Canal Rays) या एनोड किरणें वास्तव में किस प्रकार के कणों की धारा होती हैं?
(a) ऋणावेशित इलेक्ट्रॉनों की
(b) धनावेशित आयनों (प्रोटॉनों) की
(c) उदासीन न्यूट्रॉनों की
(d) प्रकाश के फोटॉनों की
Ans. (b)
Solution: ई. गोल्डस्टीन ने प्रयोगों में पाया कि एनोड (धन इलेक्ट्रोड) की तरफ से भी कुछ किरणें निकलती हैं जो धनावेशित कणों से बनी होती हैं। इन्हें कैनाल किरणें कहा गया, जिससे आगे चलकर प्रोटॉन की पहचान हुई।
Q26. किसी कोश या कक्षा में उपकोशों (Subshells) की कुल संख्या हमेशा किसके बराबर होती है?
(a) मुख्य क्वांटम संख्या (n) के
(b) दिगंशी क्वांटम संख्या (l) के
(c) चुंबकीय क्वांटम संख्या (m) के
(d) चक्रण क्वांटम संख्या (s) के
Ans. (a)
Solution: मुख्य क्वांटम संख्या (n) जिस कक्षा को दर्शाती है, उसमें उपकोशों की संख्या भी उतनी ही होती है। जैसे- n=1 में 1 उपकोश (s), n=2 में 2 उपकोश (s, p) होते हैं।
Q27. हाइजेनबर्ग के अनिश्चितता के सिद्धांत (Heisenberg's Uncertainty Principle) के अनुसार निम्नलिखित में से किसे एक साथ बिल्कुल सही नहीं मापा जा सकता?
(a) इलेक्ट्रॉन का द्रव्यमान और उसका आवेश
(b) इलेक्ट्रॉन की स्थिति (Position) और उसका संवेग (Momentum)
(c) परमाणु का आकार और उसकी ऊर्जा
(d) प्रोटॉन और न्यूट्रॉन की गति
Ans. (b)
Solution: इस सिद्धांत के अनुसार, किसी अत्यंत सूक्ष्म गतिशील कण (जैसे इलेक्ट्रॉन) की स्थिति और उसके संवेग (या वेग) दोनों का एक साथ शत-प्रतिशत शुद्धता से निर्धारण करना असंभव है।
Q28. "किसी भी परमाणु में किन्हीं भी दो इलेक्ट्रॉनों के लिए सभी चार क्वांटम संख्याओं का मान एक समान नहीं हो सकता।" यह नियम किसने प्रतिपादित किया था?
(a) हुंड (Hund)
(b) औफबाउ (Aufbau)
(c) पॉली (Wolfgang Pauli)
(d) डी ब्रॉग्ली
Ans. (c)
Solution: इसे पॉली का अपवर्जन सिद्धांत (Pauli's Exclusion Principle) कहते हैं। इसके अनुसार, यदि दो इलेक्ट्रॉनों के लिए n, l और m के मान समान भी हों, तो उनका चक्रण (s) विपरीत (+1/2 और -1/2) होगा।
Q29. क्रोमियम (परमाणु क्रमांक = 24) का सही इलेक्ट्रॉनिक विन्यास (Electronic Configuration) क्या है?
(a) [Ar] 3d^4 4s^2
(b) [Ar] 3d^5 4s^1
(c) [Ar] 3d^6 4s^0
(d) [Ar] 3d^3 4s^2
Ans. (b)
Solution: क्रोमियम अपवाद स्वरूप [Ar] 3d^5 4s^1 विन्यास प्रदर्शित करता है क्योंकि अर्ध-पूरित (Half-filled) d-उपकोश (3d^5) पूर्ण रूप से खाली या आंशिक भरे उपकोश की तुलना में अधिक स्थाई होता है।
Q30. परमाणु के 'p-उपकोश' (p-Subshell) में अधिकतम कितने इलेक्ट्रॉन आ सकते हैं?
(a) 2
(b) 6
(c) 10
(d) 14
Ans. (b)
Solution: s-उपकोश में अधिकतम 2, p में 6, d में 10 और f में अधिकतम 14 इलेक्ट्रॉन समाहित हो सकते हैं।
Q31. किसी परमाणु में इलेक्ट्रॉन का कक्षक कोणीय संवेग (Orbital Angular Momentum) और उसकी त्रिविम दिशा (Orientation) किस क्वांटम संख्या से निर्धारित होती है?
(a) मुख्य क्वांटम संख्या (Principal Quantum Number)
(b) दिगंशी क्वांटम संख्या (Azimuthal Quantum Number)
(c) चुंबकीय क्वांटम संख्या (Magnetic Quantum Number)
(d) चक्रण क्वांटम संख्या (Spin Quantum Number)
Ans. (c)
Solution: चुंबकीय क्वांटम संख्या (m) कक्षकों के अंतरिक्ष में विन्यास (Orientation) को दर्शाती है और इसके मान दिगंशी क्वांटम संख्या (l) पर निर्भर करते हैं।
Q32. प्रकाश की द्वैत प्रकृति (Dual Nature - तरंग और कण दोनों के गुण) का सिद्धांत सूक्ष्म कणों के लिए किसने प्रतिपादित किया था?
(a) लुई डी ब्रॉग्ली (Louis de Broglie)
(b) अल्बर्ट आइंस्टीन
(c) मैक्स प्लांक
(d) एरविन श्रोडिंगर
Ans. (a)
Solution: डी ब्रॉग्ली ने बताया कि जिस प्रकार प्रकाश में तरंग और कण दोनों के गुण होते हैं, उसी प्रकार द्रव्य के अति सूक्ष्म गतिशील कणों (जैसे इलेक्ट्रॉन) में भी तरंग के गुण पाए जाते हैं (लैम्ब्डा = h/mv)।
Q33. नाभिक के चारों ओर वह त्रिविम क्षेत्र (3D Space) जहाँ इलेक्ट्रॉन के पाए जाने की संभावना सबसे अधिक (अधिकतम) होती है, क्या कहलाता है?
(a) कक्षा (Orbit)
(b) कक्षक (Orbital)
(c) नोड (Node)
(d) उपकोश
Ans. (b)
Solution: कक्षा (Orbit) इलेक्ट्रॉन का एक निश्चित वृत्ताकार पथ है, जबकि कक्षक (Orbital) वह त्रिविम क्षेत्र है जहाँ इलेक्ट्रॉन घनत्व सबसे अधिक होने की संभावना होती है।
Q34. सोडियम के ग्यारहवें इलेक्ट्रॉन (가장 बाहरी इलेक्ट्रॉन) के लिए मुख्य क्वांटम संख्या (n) और दिगंशी क्वांटम संख्या (l) का मान क्रमशः क्या होगा?
(a) n = 3, l = 0
(b) n = 3, l = 1
(c) n = 2, l = 1
(d) n = 4, l = 0
Ans. (a)
Solution: सोडियम (Na=11) का अंतिम इलेक्ट्रॉन 3s^1 में जाता है। इसके लिए मुख्य कोश n = 3 है और s-उपकोश के लिए l का मान हमेशा 0 होता है।
Q35. "समान ऊर्जा वाले कक्षकों (Degenerate Orbitals) में इलेक्ट्रॉनों का युग्मन (Pairing) तब तक नहीं होता, जब तक कि सभी कक्षकों में एक-एक इलेक्ट्रॉन न आ जाए।" यह नियम किसका है?
(a) औफबाउ का नियम
(b) हुंड का अधिकतम बहुलता का नियम (Hund's Rule of Maximum Multiplicity)
(c) पॉली का नियम
(d) थॉमसन का सिद्धांत
Ans. (b)
Solution: हुंड के नियम के अनुसार, किसी उपकोश (जैसे p या d) के कक्षकों में इलेक्ट्रॉन पहले एक-एक करके समान चक्रण में भरते हैं, उसके बाद ही उनका जोड़ा (युग्मन) बनना शुरू होता है।
Q36. न्यूट्रॉन और प्रोटॉन को नाभिक के भीतर अत्यंत मजबूती से बांधकर रखने वाले बल को क्या कहा जाता है?
(a) गुरुत्वाकर्षण बल
(b) स्थिर विद्युत आकर्षण बल
(c) प्रबल नाभिकीय बल (Strong Nuclear Force)
(d) वांडरवाल्स बल
Ans. (c)
Solution: प्रबल नाभिकीय बल ब्रह्मांड का सबसे शक्तिशाली बल है, जो बहुत ही कम दूरी (नाभिकीय पैमाने) पर प्रोटॉन-प्रोटॉन और प्रोटॉन-न्यूट्रॉन को आपस में बांधकर रखता है।
Q37. आधुनिक परमाणु सिद्धांत के अनुसार, परमाणु संरचना को समझाने के लिए प्रयुक्त 'तरंग यांत्रिकी मॉडल' (Wave Mechanical Model) के समीकरण का विकास किसने किया था?
(a) नील्स बोर
(b) एरविन श्रोडिंगर (Erwin Schrodinger)
(c) मैक्स बॉर्न
(d) जे. जे. थॉमसन
Ans. (b)
Solution: श्रोडिंगर ने 1926 में प्रसिद्ध तरंग समीकरण (Schrodinger Wave Equation) दिया, जो इलेक्ट्रॉन को एक तरंग के रूप में मानकर उसकी सटीक ऊर्जा और स्थिति की व्याख्या गणितीय रूप से करता है।
Q38. निम्नलिखित युग्मों में से कौन सा एक 'समन्यूट्रॉनिक' (Isotones - जिनमें न्यूट्रॉनों की संख्या समान हो) समूह को प्रदर्शित करता है?
(a) कार्बन (6C14) और नाइट्रोजन (7N15)
(b) कार्बन (6C12) और कार्बन (6C14)
(c) नाइट्रोजन (7N14) और ऑक्सीजन (8O16)
(d) कार्बन (6C14) और ऑक्सीजन (8O16)
Ans. (d)
Solution: न्यूट्रॉन = द्रव्यमान - परमाणु क्रमांक। यहाँ 6C14 में (14 - 6 = 8) न्यूट्रॉन हैं और 8O16 में (16 - 8 = 8) न्यूट्रॉन हैं। दोनों में न्यूट्रॉनों की संख्या बराबर (8) है।
Q39. थॉमसन के परमाणु मॉडल की सबसे बड़ी कमी क्या थी, जिसके कारण उसे अमान्य कर दिया गया?
(a) यह इलेक्ट्रॉन के आवेश की व्याख्या नहीं कर सका
(b) यह रदरफोर्ड के अल्फा कण प्रकीर्णन प्रयोग के परिणामों की व्याख्या करने में पूरी तरह विफल रहा
(c) यह न्यूट्रॉन की स्थिति नहीं बता सका
(d) यह परमाणु के द्रव्यमान को नहीं समझा सका
Ans. (b)
Solution: थॉमसन के मॉडल (प्लम् पुडिंग) के अनुसार परमाणु में धनावेश हर जगह फैला हुआ था, जिससे रदरफोर्ड के प्रयोग में अल्फा कणों का भारी विक्षेपण या पीछे लौटना समझ पाना असंभव था।
Q40. तांबा (Copper, परमाणु क्रमांक = 29) के बाहरी कोश में मौजूद d-उपकोश का सही विन्यास क्या होता है?
(a) 3d^9 4s^2
(b) 3d^10 4s^1
(c) 3d^8 4s^2
(d) 3d^10 4s^2
Ans. (b)
Solution: क्रोमियम की तरह तांबा (Cu) भी अपवाद है। पूर्ण रूप से भरा हुआ d-उपकोश (3d^10) अत्यधिक स्थाई होता है, इसलिए 4s से एक इलेक्ट्रॉन उत्तेजित होकर 3d में चला जाता है।
Q41. कक्षक (Orbital) के आकार के संदर्भ में, 's-कक्षक' (s-Orbital) की आकृति कैसी होती है?
(a) गोलाकार (Spherical)
(b) डंबलाकार (Dumb-bell)
(c) द्विडंबलाकार (Double Dumb-bell)
(d) अनिश्चित
Ans. (a)
Solution: s-कक्षक पूरी तरह से दिशाहीन और गोलाकार होता है। p-कक्षक की आकृति डंबलाकार और d-कक्षक की आकृति द्विडंबलाकार होती है।
Q42. नील्स बोर के परमाणु मॉडल के अनुसार, इलेक्ट्रॉन नाभिक के चारों ओर केवल उन्हीं कक्षाओं में चक्कर लगा सकते हैं जिनका कोणीय संवेग (Angular Momentum) किसका पूर्ण गुणांक होता है?
(a) h / 2
(b) h / 2π
(c) 2π / h
(d) h / π
Ans. (b)
Solution: बोर का क्वांटम प्रतिबंध कहता है कि mvr = nh / 2π, जहाँ n एक पूर्णांक (1, 2, 3...) है और h प्लांक नियतांक है।
Q43. आइसोइलेक्ट्रॉनिक (Isoelectronic) प्रजातियाँ वे होती हैं जिनमें इलेक्ट्रॉनों की कुल संख्या समान होती है। निम्नलिखित में से कौन सा समूह आइसोइलेक्ट्रॉनिक है?
(a) Na+, Mg2+, F-
(b) Na, Mg, Cl
(c) O2-, F, Ne
(d) K+, Ca2+, Li+
Ans. (a)
Solution: Na+ (11 - 1 = 10), Mg2+ (12 - 2 = 10), और F- (9 + 1 = 10)। इन तीनों आयनों में इलेक्ट्रॉनों की संख्या समान (10) है।
Q44. परमाणु संरचना में 'औफबाउ सिद्धांत' (Aufbau Principle) हमें क्या सिखाता है?
(a) इलेक्ट्रॉनों के चक्रण की दिशा
(b) नए कक्षकों में इलेक्ट्रॉनों के प्रवेश का क्रम उनकी बढ़ती ऊर्जा के आधार पर
(c) नाभिक के टूटने की प्रक्रिया
(d) समस्थानिकों का निर्माण
Ans. (b)
Solution: 'औफबाउ' एक जर्मन शब्द है जिसका अर्थ है 'निर्माण होना'। इस सिद्धांत के अनुसार उपकोशों में इलेक्ट्रॉन हमेशा उनकी ऊर्जा के बढ़ते क्रम (कम ऊर्जा वाले में पहले) में प्रवेश करते हैं।
Q45. किसी उपकोश (Subshell) की ऊर्जा का निर्धारण किस नियम या मान के आधार पर किया जाता है?
(a) (n + l) का नियम
(b) (n - l) का नियम
(c) केवल मुख्य क्वांटम संख्या (n)
(d) पॉली का नियम
Ans. (a)
Solution: (n + l) नियम के अनुसार, जिस उपकोश के लिए (n + l) का मान कम होता है, उसकी ऊर्जा कम होती है और इलेक्ट्रॉन उसमें पहले जाता है। यदि मान बराबर हो, तो कम 'n' वाले को प्राथमिकता मिलती है।
Q46. पॉज़िट्रॉन का द्रव्यमान इलेक्ट्रॉन के समान होता है, लेकिन इस पर आवेश कैसा होता है?
(a) शून्य
(b) इलेक्ट्रॉन के आवेश के बराबर लेकिन धनात्मक (+1.6 x 10^-19 C)
(c) इलेक्ट्रॉन के आवेश का दोगुना
(d) ऋणात्मक
Ans. (b)
Solution: पॉज़िट्रॉन को इलेक्ट्रॉन का प्रतिकण (Antiparticle) कहा जाता है। इसका द्रव्यमान और स्पिन समान होता है, परंतु इस पर आवेश धनात्मक होता है।
Q47. रदरफोर्ड के प्रयोग में जब अधिकांश अल्फा कण सोने की पन्नी को पार करके सीधे निकल गए, तो इससे क्या सिद्ध हुआ?
(a) परमाणु पूरी तरह ठोस है
(b) परमाणु का अधिकांश भाग अंदर से खोखला या रिक्त है
(c) परमाणु ऋणावेशित है
(d) नाभिक बहुत बड़ा है
Ans. (b)
Solution: अधिकांश कणों का बिना विचलित हुए सीधे निकल जाना यह दर्शाता है कि परमाणु के भीतर का बहुत बड़ा हिस्सा खाली है और द्रव्यमान केवल एक बिंदु पर केंद्रित है।
Q48. थॉम्पसन द्वारा प्रतिपादित 'इलेक्ट्रॉन के विशिष्ट आवेश' (e/m ratio) का मान किस पर निर्भर करता है?
(a) विसर्जन नलिका में भरी गई गैस की प्रकृति पर
(b) इलेक्ट्रोड के निर्माण में प्रयुक्त धातु पर
(c) यह एक सार्वत्रिक नियतांक है जो किसी भी परिस्थिति में नहीं बदलता
(d) विसर्जन नलिका के भीतर के दाब पर
Ans. (c)
Solution: इलेक्ट्रॉन के लिए आवेश और द्रव्यमान का अनुपात (e/m) हमेशा नियत रहता है (1.76 x 10^11 C/kg), चाहे नलिका में कोई भी गैस भरी हो या कोई भी धातु प्रयुक्त हो।
Q49. क्लोरीन तत्व के दो प्राकृतिक समस्थानिक Cl-35 और Cl-37 प्रकृति में 3:1 के अनुपात में पाए जाते हैं। इसी कारण क्लोरीन का औसत परमाणु द्रव्यमान कितना होता है?
(a) 35
(b) 36
(c) 35.5
(d) 37
Ans. (c)
Solution: औसत द्रव्यमान की गणना इस प्रकार की जाती है: [(35 x 3) + (37 x 1)] / 4 = (105 + 37) / 4 = 142 / 4 = 35.5।
Q50. किसी परमाणु के अदृश्य आंतरिक विन्यास को समझने के लिए आधुनिक विज्ञान में प्रयुक्त क्वांटम संख्याएँ (Quantum Numbers) कुल कितनी होती हैं?
(a) 2
(b) 3
(c) 4
(d) 5
Ans. (c)
Solution: किसी इलेक्ट्रॉन की स्थिति, ऊर्जा, कक्षक का आकार और चक्रण की पूरी जानकारी प्राप्त करने के लिए 4 क्वांटम संख्याओं की आवश्यकता होती है: मुख्य (n), दिगंशी (l), चुंबकीय (m), और चक्रण (s)।
Q51. दिगंशी क्वांटम संख्या (l) का मान 2 होने पर, यह किस उपकोश (Subshell) को प्रदर्शित करता है?
(a) s-उपकोश
(b) p-उपकोश
(c) d-उपकोश
(d) f-उपकोश
Ans. (c)
Solution: दिगंशी क्वांटम संख्या (l) के मान उपकोशों को तय करते हैं: l=0 के लिए s, l=1 के लिए p, l=2 के लिए d, और l=3 के लिए f उपकोश होता है।
Q52. ऋणावेशित आयन (Anion) का निर्माण तब होता है जब एक उदासीन परमाणु:
(a) प्रोटॉन खोता है
(b) इलेक्ट्रॉन ग्रहण करता है (Gains Electron)
(c) न्यूट्रॉन खोता है
(d) इलेक्ट्रॉन खोता है
Ans. (b)
Solution: जब कोई उदासीन परमाणु बाहर से एक या अधिक इलेक्ट्रॉन ग्रहण करता है, तो उसमें ऋणावेशित इलेक्ट्रॉनों की संख्या धनावेशित प्रोटॉनों से अधिक हो जाती है, जिससे वह ऋणायन (Anion) बन जाता है।
Q53. परमाणु के नाभिक की त्रिज्या (Radius of Nucleus) का क्रम लगभग कितना होता है?
(a) 10^-10 मीटर
(b) 10^-15 मीटर
(c) 10^-8 मीटर
(d) 10^-6 मीटर
Ans. (b)
Solution: परमाणु के नाभिक का आकार अत्यंत छोटा होता है, जो लगभग 10^-15 मीटर (1 फर्मी) के कोटि का होता है। जबकि पूरे परमाणु की त्रिज्या लगभग 10^-10 मीटर (1 एंगस्ट्रॉम) होती है।
Q54. मैरी क्यूरी और पियरे क्यूरी ने किस खनिज पिचब्लेंड (Pitchblende) से किस महत्वपूर्ण तत्व की खोज की थी?
(a) यूरेनियम
(b) रेडियम (Radium)
(c) थोरियम
(d) प्लूटोनियम
Ans. (b)
Solution: पिचब्लेंड यूरेनियम का एक अयस्क है, जिससे मैडम क्यूरी और उनके पति ने अत्यंत रेडियोधर्मी तत्व 'रेडियम' और 'पोलोनियम' की खोज की थी।
Q55. यदि किसी कक्षक (Orbital) के लिए मुख्य क्वांटम संख्या n=4 और दिगंशी क्वांटम संख्या l=3 है, तो वह कक्षक कौन सा होगा?
(a) 4s
(b) 4p
(c) 4d
(d) 4f
Ans. (d)
Solution: यहाँ मुख्य कोश का मान 4 है और l=3 का अर्थ f-उपकोश होता है, इसलिए यह कक्षक '4f' को निरूपित करता है।
Q56. किसी परमाणु की द्रव्यमान संख्या (A) हमेशा उसके परमाणु भार (Atomic Weight) के:
(a) बिल्कुल बराबर होती है
(b) लगभग बराबर या एक पूर्ण संख्या होती है
(c) हमेशा दोगुनी होती है
(d) हमेशा आधी होती://
Ans. (b)
Solution: द्रव्यमान संख्या प्रोटॉन और न्यूट्रॉन की कुल संख्या होती है जो हमेशा एक पूर्णांक (जैसे 35 या 37) होती है, जबकि परमाणु भार समस्थानिकों के औसत के कारण दशमलव में हो सकता है (जैसे क्लोरीन का 35.5)।
Q57. निम्नलिखित में से कौन सा कण एक अस्थायी (Unstable) मूल कण है जो नाभिक के बाहर स्वतंत्र अवस्था में ज्यादा देर नहीं रह सकता?
(a) इलेक्ट्रॉन
(b) प्रोटॉन
(c) न्यूट्रॉन (Neutron)
(d) इनमें से कोई नहीं
Ans. (c)
Solution: न्यूट्रॉन जब नाभिक के भीतर होता है तब स्थिर रहता है, लेकिन नाभिक के बाहर स्वतंत्र अवस्था में यह अस्थाई होता है और इसका औसत जीवनकाल लगभग 15 मिनट होता है, जिसके बाद यह प्रोटॉन और इलेक्ट्रॉन में टूट जाता है।
Q58. नाइट्रोजन (परमाणु क्रमांक = 7) के तीनों p-कक्षकों में एक-एक इलेक्ट्रॉन का समान चक्रण (समानांतर) में होना किस नियम की सत्यता को प्रमाणित करता है?
(a) हुंड का नियम (Hund's Rule)
(b) औफबाउ का नियम
(c) पॉली का नियम
(d) न्यूटन का नियम
Ans. (a)
Solution: नाइट्रोजन का विन्यास 1s^2 2s^2 2p^3 होता है। हुंड के नियम के अनुसार, 2p के तीन कक्षकों (px, py, pz) में पहले एक-एक इलेक्ट्रॉन सीधे चक्रण (↑ ↑ ↑) में प्रवेश करता है।
Q59. चक्रण क्वांटम संख्या (Spin Quantum Number - s) के केवल दो ही मान संभव हैं, जो हैं:
(a) 0 और 1
(b) +1/2 और -1/2
(c) +1 और -1
(d) -1/2 और -1/2
Ans. (b)
Solution: इलेक्ट्रॉन अपने अक्ष पर दो दिशाओं में घूम सकता है: घड़ी की सुई की दिशा में (Clockwise) जिसके लिए मान +1/2 होता है, और विपरीत दिशा में (Anti-clockwise) जिसके लिए मान -1/2 होता है।
Q60. किसी कक्षक में अधिकतम 2 इलेक्ट्रॉन रह सकते हैं और उनके चक्रण विपरीत होने चाहिए। यह कथन किस सिद्धांत का मुख्य भाग है?
(a) डाल्टन का सिद्धांत
(b) पॉली का अपवर्जन सिद्धांत (Pauli's Exclusion Principle)
(c) श्रोडिंगर का सिद्धांत
(d) थॉमसन का मॉडल
Ans. (b)
Solution: पॉली के नियम के अनुसार, एक ही कक्षक (डिब्बे) में रहने वाले दो इलेक्ट्रॉनों के चक्रण हमेशा एक-दूसरे के विपरीत (↑↓) होने अनिवार्य हैं ताकि उनकी चारों क्वांटम संख्याएं समान न हों।
Q61. रासायनिक रूप से समस्थानिकों (Isotopes) के गुण कैसे होते हैं?
(a) रासायनिक गुण बिल्कुल समान होते हैं (Identical Chemical Properties)
(b) रासायनिक गुण पूरी तरह भिन्न होते हैं
(c) भौतिक गुण समान होते हैं
(d) इनका कोई निश्चित व्यवहार नहीं होता
Ans. (a)
Solution: समस्थानिकों का परमाणु क्रमांक (इलेक्ट्रॉनों की संख्या) समान होता है। चूंकि किसी तत्व के रासायनिक गुण उसके इलेक्ट्रॉनों के विन्यास पर निर्भर करते हैं, इसलिए समस्थानिकों के रासायनिक गुण हमेशा समान होते हैं।
Q62. समभारिकों (Isobars) के भौतिक और रासायनिक गुणों के संदर्भ में क्या सही है?
(a) इनके रासायनिक गुण समान होते हैं
(b) इनके भौतिक और रासायनिक गुण दोनों भिन्न होते हैं (Different Properties)
(c) इनके भौतिक गुण पूरी तरह समान होते हैं
(d) ये आवर्त सारणी में एक ही स्थान पर आते हैं
Ans. (b)
Solution: समभारिक अलग-अलग तत्वों के परमाणु होते हैं (जैसे आर्गन और कैल्शियम), इसलिए उनके परमाणु क्रमांक अलग होने के कारण उनके रासायनिक और भौतिक गुण पूरी तरह भिन्न होते हैं।
Q63. 'नोडल सतह' (Nodal Surface या Node) परमाणु कक्षक का वह क्षेत्र है जहाँ:
(a) इलेक्ट्रॉन पाए जाने की संभावना अधिकतम होती है
(b) इलेक्ट्रॉन पाए जाने की संभावना शून्य होती है (Zero Probability)
(c) केवल प्रोटॉन पाए जाते हैं
(d) ऊर्जा सबसे अधिक होती है
Ans. (b)
Solution: कक्षक के भीतर वह स्थान या सतह जहाँ इलेक्ट्रॉन घनत्व या इलेक्ट्रॉन के पाए जाने की प्रायिकता बिल्कुल शून्य (0) होती है, उसे नोड (Node) कहा जाता है।
Q64. निम्नलिखित में से कौन सी तरंगें या किरणें द्रव्य तरंगों (Matter Waves) का उदाहरण हैं?
(a) एक्स-किरणें (X-Rays)
(b) प्रकाश तरंगें
(c) तीव्र गति से चलते हुए इलेक्ट्रॉन से संबद्ध तरंगें (Electron Waves)
(d) रेडियो तरंगें
Ans. (c)
Solution: एक्स-रे और रेडियो तरंगें विद्युत चुंबकीय तरंगें हैं, जबकि डी ब्रॉग्ली के अनुसार, किसी द्रव्य कण (जैसे इलेक्ट्रॉन या प्रोटॉन) की गति से उत्पन्न तरंग को द्रव्य तरंग कहते हैं।
Q65. बोर के परमाणु मॉडल के अनुसार, जब कोई इलेक्ट्रॉन उच्च ऊर्जा स्तर (High Energy Level) से निम्न ऊर्जा स्तर में कूदता है, तो ऊर्जा का क्या होता है?
(a) ऊर्जा का अवशोषण होता है
(b) ऊर्जा का उत्सर्जन (Emission) विद्युत चुंबकीय विकिरण के रूप में होता है
(c) ऊर्जा अपरिवर्तित रहती है
(d) परमाणु नष्ट हो जाता है
Ans. (b)
Solution: जब इलेक्ट्रॉन अपनी उच्च कक्षा से नीचे की कक्षा में आता है, तो वह दोनों कक्षाओं के ऊर्जा अंतर (Delta E) के बराबर ऊर्जा प्रकाश या फोटॉन के रूप में बाहर निकालता है (उत्सर्जित करता है)।
Q66. जे. जे. थॉमसन द्वारा उपयोग की गई 'कैथोड किरण विसर्जन नलिका' (Cathode Ray Discharge Tube) के भीतर का वायुमंडलीय दाब कैसा रखा गया था?
(a) बहुत उच्च दाब
(b) सामान्य वायुमंडलीय दाब
(c) अत्यंत कम या उच्च निर्वात (Very Low Pressure)
(d) शून्य दाब (पूर्ण शून्यता)
Ans. (c)
Solution: गैसों में से विद्युत धारा प्रवाहित करने के लिए नलिका के अंदर का दाब वैक्यूम पंप की सहायता से अत्यंत कम (लगभग 0.001 mm Hg) किया जाता है ताकि गैस के कण किरणों के मार्ग में बाधा न बनें।
Q67. परमाणु क्रमांक 20 वाले तत्व (कैल्शियम) का सही इलेक्ट्रॉनिक विन्यास कक्षाओं के अनुसार (KLMN) क्या होगा?
(a) 2, 8, 10
(b) 2, 8, 8, 2
(c) 2, 10, 8
(d) 2, 8, 9, 1
Ans. (b)
Solution: यद्यपि तीसरी कक्षा (M) की क्षमता 18 इलेक्ट्रॉनों की होती है, परंतु बोर-बियरी नियम के अनुसार सबसे बाहरी कक्षा में 8 से अधिक इलेक्ट्रॉन तब तक नहीं आ सकते जब तक अगली कक्षा शुरू न हो जाए। इसलिए कैल्शियम का विन्यास 2, 8, 8, 2 होता है।
Q68. तत्वों के द्रव्यमान को दर्शाने के लिए प्रयुक्त 'परमाणु द्रव्यमान इकाई' (amu या u) वर्तमान में किस मानक पर आधारित है?
(a) हाइड्रोजन-1 के द्रव्यमान पर
(b) ऑक्सीजन-16 के द्रव्यमान पर
(c) कार्बन-12 परमाणु के द्रव्यमान के 1/12वें भाग पर (C-12 standard)
(d) नाइट्रोजन-14 पर
Ans. (c)
Solution: वर्तमान अंतर्राष्ट्रीय मानक के अनुसार, कार्बन-12 समस्थानिक के एक परमाणु के द्रव्यमान के ठीक 1/12वें हिस्से को 1 परमाणु द्रव्यमान इकाई (1 amu या 1 u) माना गया है।
Q69. थॉमसन के कैथोड किरण प्रयोग में जिंक सल्फाइड (ZnS) की परत का उपयोग स्क्रीन के रूप में क्यों किया गया था?
(a) यह कैथोड किरणों को रोक सकती थी
(b) यह एक प्रतिदीप्ति (Phosphorescent) पदार्थ है जो किरणों के टकराने पर चमक उत्पन्न करता है
(c) यह किरणों का रंग बदल देती थी
(d) यह एक इलेक्ट्रोड था
Ans. (b)
Solution: कैथोड किरणें अदृश्य होती हैं। जब ये किरणें जिंक सल्फाइड की स्क्रीन से टकराती हैं, तो वहाँ एक चमकीला बिंदु बनता है, जिससे किरणों की उपस्थिति का पता चलता है।
Q70. किसी तत्व के परमाणु भार को ज्ञात करने के लिए निम्नलिखित में से किसके साथ उस तत्व के परमाणु भार की तुलना की जाती है?
(a) ऑक्सीजन
(b) कार्बन (Carbon)
(c) हाइड्रोजन
(d) नाइट्रोजन
Ans. (b)
Solution: आधुनिक रसायन विज्ञान में किसी भी तत्व के परमाणु भार की तुलना कार्बन-12 (C-12) के मानक परमाणु भार से करके सापेक्ष परमाणु द्रव्यमान निकाला जाता है।
Q71. 'मीसॉन' (Meson) कणों की खोज किस वैज्ञानिक ने की थी, जो नाभिक के भीतर प्रोटॉन और न्यूट्रॉन के बीच विनिमय (Exchange) का कार्य करते हैं?
(a) हिदेकी युकावा (Hideki Yukawa)
(b) कार्ल एंडरसन
(c) जे. जे. थॉमसन
(d) चैडविक
Ans. (a)
Solution: 1935 में जापानी भौतिक विज्ञानी हिदेकी युकावा ने मीसॉन कणों के सिद्धांत का प्रतिपादन किया था, जो नाभिकीय बलों के संचरण के लिए जिम्मेदार होते हैं।
Q72. डाल्टन के परमाणु सिद्धांत के अनुसार, परमाणु के संदर्भ में कौन सा कथन सही है?
(a) परमाणु को छोटे कणों में तोड़ा जा सकता है
(b) परमाणु रासायनिक अभिक्रिया में नष्ट हो जाता है
(c) परमाणु अत्यंत सूक्ष्म और अविभाज्य (Indivisible) कण है जिसे रासायनिक प्रक्रिया द्वारा बनाया या नष्ट नहीं किया जा सकता
(d) एक ही तत्व के परमाणुओं के भार अलग हो सकते हैं
Ans. (c)
Solution: जॉन डाल्टन के सिद्धांत का मुख्य बिंदु यही था कि परमाणु द्रव्य का वह अंतिम सूक्ष्म कण है जो अविभाज्य (Indivisible) है। हालांकि बाद में इलेक्ट्रॉन-प्रोटॉन की खोज से यह गलत साबित हुआ।
Q73. यदि किसी परमाणु के 'M-कोश' (तीसरी कक्षा) में इलेक्ट्रॉन भरे जा रहे हैं, तो इसके लिए दिगंशी क्वांटम संख्या (l) के संभावित मान क्या होंगे?
(a) केवल 0 और 1
(b) 0, 1, 2
(c) 1, 2, 3
(d) केवल 3
Ans. (b)
Solution: M-कोश के लिए मुख्य क्वांटम संख्या n=3 होती है। l के मान हमेशा 0 से लेकर (n-1) तक होते हैं। अतः l के मान 0 (s), 1 (p), और 2 (d) होंगे।
Q74. किसी भारी अस्थिर नाभिक का दो या दो से अधिक हल्के और स्थिर नाभिकों में टूटना क्या कहलाता है?
(a) नाभिकीय संलयन
(b) नाभिकीय विखंडन (Nuclear Fission)
(c) कृत्रिम रेडियोधर्मिता
(d) रासायनिक संयोजन
Ans. (b)
Solution: जब किसी भारी नाभिक (जैसे यूरेनियम-235) पर न्यूट्रॉन की बौछार की जाती है, तो वह हल्के नाभिकों में टूट जाता है और भारी मात्रा में ऊर्जा मुक्त करता है। इस प्रक्रिया को नाभिकीय विखंडन कहते हैं।
Q75. परमाणु भट्टी (Nuclear Reactor) में न्यूट्रॉनों की गति को धीमा करने के लिए प्रयुक्त 'मंदक' (Moderator) के रूप में किसका उपयोग सबसे अधिक किया जाता है?
(a) भारी जल (D2O - Heavy Water) या ग्रेफाइट
(b) तरल सोडियम
(c) बोरॉन की छड़ें
(d) यूरेनियम की छड़ें
Ans. (a)
Solution: नाभिकीय विखंडन को जारी रखने के लिए तीव्र गति वाले न्यूट्रॉनों को धीमा करना आवश्यक होता है। इसके लिए मंदक के रूप में भारी जल (ड्यूटेरियम ऑक्साइड) या शुद्ध ग्रेफाइट का उपयोग किया जाता है।
Q76. तत्वों के परमाणु भार के स्थान पर 'परमाणु क्रमांक' (Atomic Number) को आधुनिक आवर्त सारणी का मुख्य आधार किसने बनाया?
(a) दमित्री मेंडलीफ
(b) हेनरी मोजले (Henry Moseley)
(c) जॉन न्यूलैंड्स
(d) लोथर मेयर
Ans. (b)
Solution: 1913 में हेनरी मोजले ने एक्स-रे प्रयोगों के आधार पर सिद्ध किया कि किसी तत्व का मौलिक गुण उसका परमाणु क्रमांक (प्रोटॉनों की संख्या) है, न कि उसका परमाणु भार।
Q77. किसी कक्षक (Orbital) में उपस्थित दोनों इलेक्ट्रॉनों की पहचान मुख्य, दिगंशी और चुंबकीय क्वांटम संख्याओं से समान हो सकती है, लेकिन उन्हें किस क्वांटम संख्या के आधार पर अलग किया जा सकता है?
(a) केवल मुख्य क्वांटम संख्या से
(b) चक्रण क्वांटम संख्या (Spin Quantum Number) से
(c) द्रव्यमान क्वांटम संख्या से
(d) इन्हें अलग नहीं किया जा सकता
Ans. (b)
Solution: एक ही कक्षक के दो इलेक्ट्रॉनों के लिए n, l और m के मान समान होते हैं, लेकिन उनका चक्रण (Spin) विपरीत होता है। एक के लिए s = +1/2 और दूसरे के लिए s = -1/2 होता है।
Q78. ड्यूटेरियम (Hydrogen-2) के नाभिक में न्यूट्रॉनों और प्रोटॉनों की संख्या क्रमशः कितनी होती है?
(a) 1 न्यूट्रॉन और 1 प्रोटॉन
(b) 2 न्यूट्रॉन और 1 प्रोटॉन
(c) 0 न्यूट्रॉन और 1 प्रोटॉन
(d) 1 न्यूट्रॉन और 2 प्रोटॉन
Ans. (a)
Solution: ड्यूटेरियम (2H या D) हाइड्रोजन का भारी समस्थानिक है। इसका परमाणु क्रमांक 1 (1 प्रोटॉन) और द्रव्यमान संख्या 2 होती है। अतः न्यूट्रॉन की संख्या = 2 - 1 = 1 होती है।
Q79. कैथोड किरणों (Cathode Rays) की प्रकृति के संबंध में कौन सा कथन पूरी तरह सत्य है?
(a) ये धनावेशित कणों से बनी होती हैं
(b) ये प्रकाश की गति से भी तेज चलती हैं
(c) ये चुंबकीय और विद्युत क्षेत्र द्वारा विक्षेपित (Deflected) हो जाती हैं
(d) ये भारी न्यूट्रॉनों की धारा हैं
Ans. (c)
Solution: कैथोड किरणें ऋणावेशित इलेक्ट्रॉनों की धारा होती हैं, इसलिए विद्युत या चुंबकीय क्षेत्र लगाने पर ये धनावेशित प्लेट की तरफ मुड़ (विक्षेपित हो) जाती हैं।
Q80. हाइड्रोजन परमाणु के पहले ऊर्जा स्तर (K-कोश) की त्रिज्या को 'बोर त्रिज्या' (Bohr Radius) कहा जाता है। इसका मान लगभग कितना होता है?
(a) 0.529 एंगस्ट्रॉम (0.529 A)
(b) 1.529 एंगस्ट्रॉम
(c) 10^-15 मीटर
(d) 5.29 एंगस्ट्रॉम
Ans. (a)
Solution: नील्स बोर के गणितीय मॉडल के अनुसार, हाइड्रोजन की सबसे आंतरिक (पहली) कक्षा की स्थिर त्रिज्या का मान 0.529 एंगस्ट्रॉम या 52.9 पिकोमीटर (pm) होता है।
Q81. निम्नलिखित में से कौन सी घटना प्रकाश की 'कण प्रकृति' (Particle Nature) को सबसे मजबूत आधार प्रदान करती है?
(a) प्रकाश का व्यतिकरण (Interference)
(b) प्रकाश का विवर्तन (Diffraction)
(c) प्रकाश विद्युत प्रभाव (Photoelectric Effect)
(d) प्रकाश का ध्रुवण (Polarization)
Ans. (c)
Solution: प्रकाश विद्युत प्रभाव और ब्लैक बॉडी रेडिएशन की व्याख्या केवल प्रकाश को छोटे ऊर्जा के पैकेटों (फोटॉन या कण) के रूप में मानकर ही की जा सकती है, तरंग मानकर नहीं।
Q82. परमाणु रिएक्टरों में 'कंट्रोल रॉड्स' (नियंत्रण छड़ें) के रूप में किस तत्व का उपयोग किया जाता है, जो अतिरिक्त न्यूट्रॉनों को सोखने (Absorb) का कार्य करती हैं?
(a) यूरेनियम या थोरियम
(b) बोरॉन या कैडमियम (Boron / Cadmium)
(c) सोडियम या पोटेशियम
(d) ग्रेफाइट
Ans. (b)
Solution: नाभिकीय विखंडन की श्रृंखला अभिक्रिया (Chain Reaction) को नियंत्रित करने के लिए कैडमियम या बोरॉन की छड़ों का उपयोग किया जाता है क्योंकि ये नाभिक बिना विखंडित हुए न्यूट्रॉनों को सोख लेते हैं।
Q83. हाइड्रोजन परमाणु का स्पेक्ट्रम (Hydrogen Spectrum) सबसे पहले किस वैज्ञानिक ने प्रयोगात्मक रूप से देखा और समझाया था?
(a) जे. जे. थॉमसन
(b) बामर (Johann Balmer)
(c) रदरफोर्ड
(d) जॉन डाल्टन
Ans. (b)
Solution: योहान बामर ने 1885 में हाइड्रोजन स्पेक्ट्रम की दृश्य क्षेत्र (Visible Region) वाली रेखाओं की खोज की थी, जिन्हें 'बामर श्रेणी' कहा जाता है।
Q84. किसी तत्व के एक उदासीन परमाणु में परमाणु क्रमांक (Z) का सीधा संबंध किससे होता है?
(a) केवल न्यूट्रॉनों की संख्या से
(b) केवल इलेक्ट्रॉनों की संख्या से
(c) नाभिक में उपस्थित प्रोटॉनों की संख्या से (Number of Protons)
(d) प्रोटॉन और न्यूट्रॉन के योग से
Ans. (c)
Solution: परमाणु क्रमांक की मूल परिभाषा नाभिक में मौजूद प्रोटॉनों की संख्या से है। हालांकि उदासीन परमाणु में इलेक्ट्रॉनों की संख्या भी इसके बराबर होती है, पर आयन बनने पर इलेक्ट्रॉन बदल जाते हैं, प्रोटॉन कभी नहीं बदलते।
Q85. परमाणु के 'd-उपकोश' (d-Subshell) में कुल कितने कक्षक (Orbitals) पाए जाते हैं?
(a) 1
(b) 3
(c) 5
(d) 7
Ans. (c)
Solution: d-उपकोश के लिए l=2 होता है, जिससे चुंबकीय क्वांटम संख्या m के 5 मान (-2, -1, 0, +1, +2) मिलते हैं। इसका अर्थ है कि d-उपकोश में 5 कक्षक (डिब्बे) होते हैं जिनमें कुल 10 इलेक्ट्रॉन आ सकते हैं।
Q86. रेडियोधर्मी तत्व स्वतः ही अदृश्य किरणें उत्सर्जित करते हैं। हेनरी बेकुरल द्वारा खोजी गई 'रेडियोधर्मिता' (Radioactivity) परमाणु के किस भाग का गुण है?
(a) बाहरी कक्षाओं के इलेक्ट्रॉनों का
(b) परमाणु के नाभिक का (Nuclear Property)
(c) संयोजी इलेक्ट्रॉनों का
(d) पूरे परमाणु के आकार का
Ans. (b)
Solution: रेडियोधर्मिता एक पूर्णतः नाभिकीय घटना (Nuclear Phenomenon) है। अस्थिर नाभिक खुद को स्थिर करने के लिए अल्फा, बीटा और गामा किरणों का उत्सर्जन करते हैं।
Q87. डी ब्रॉग्ली समीकरण (λ = h/mv) के अनुसार, यदि किसी गतिमान कण का वेग (Velocity) दोगुना कर दिया जाए, तो उसकी तरंगदैर्ध्य (Wavelength) पर क्या प्रभाव पड़ेगा?
(a) तरंगदैर्ध्य दोगुनी हो जाएगी
(b) तरंगदैर्ध्य आधी हो जाएगी (Become Half)
(c) तरंगदैर्ध्य चार गुनी हो जाएगी
(d) कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा
Ans. (b)
Solution: डी ब्रॉग्ली सूत्र के अनुसार तरंगदैर्ध्य (λ) वेग (v) के व्युत्क्रमानुपाती (Inversely Proportional) होती है। अतः वेग दोगुना करने पर तरंगदैर्ध्य घटकर आधी हो जाएगी।
Q88. निम्नलिखित में से कौन सा एक 'मिश्रण' नहीं है, बल्कि एक शुद्ध रासायनिक यौगिक या तत्व है?
(a) स्टील (मिश्रधातु)
(b) वायु
(c) चाक या कैल्शियम कार्बोनेट (Chalk)
(d) पीतल
Ans. (c)
Solution: चाक (CaCO3) एक रासायनिक यौगिक है जिसके घटक तत्व एक निश्चित अनुपात में रासायनिक बंध द्वारा जुड़े होते हैं, जबकि अन्य सभी समांगी या विषमांगी मिश्रण हैं।
Q89. परमाणु के 'f-उपकोश' (f-Subshell) में अधिकतम कितने इलेक्ट्रॉन समाहित किए जा सकते हैं?
(a) 2
(b) 6
(c) 10
(d) 14
Ans. (d)
Solution: f-उपकोश में कुल 7 कक्षक होते हैं। प्रत्येक कक्षक में अधिकतम 2 इलेक्ट्रॉन आ सकते हैं, इसलिए f-उपकोश में अधिकतम 14 इलेक्ट्रॉन रह सकते हैं।
Q90. किसी तत्व के समस्थानिकों (Isotopes) के नाभिक में किस कण की संख्या अलग-अलग होने के कारण उनका द्रव्यमान बदल जाता है?
(a) इलेक्ट्रॉन
(b) प्रोटॉन
(c) न्यूट्रॉन (Neutrons)
(d) पॉज़िट्रॉन
Ans. (c)
Solution: समस्थानिकों में प्रोटॉन (परमाणु क्रमांक) समान होते हैं, लेकिन उनके नाभिक में न्यूट्रॉनों की संख्या अलग-अलग होती है, जिसके कारण उनकी द्रव्यमान संख्या भिन्न हो जाती है।
Q91. सूर्य में निरंतर असीमित ऊर्जा का निर्माण किस परमाणु प्रक्रिया के कारण होता है?
(a) नाभिकीय विखंडन
(b) नाभिकीय संलयन (Nuclear Fusion)
(c) रासायनिक दहन
(d) कृत्रिम विखंडन
Ans. (b)
Solution: सूर्य के अत्यधिक उच्च ताप और दाब पर हाइड्रोजन के हल्के नाभिक आपस में जुड़कर (संलयित होकर) हीलियम का भारी नाभिक बनाते हैं। इस प्रक्रिया को नाभिकीय संलयन कहते हैं।
Q92. परमाणु के उपकोशों में इलेक्ट्रॉनों के भरने का क्रम तय करने वाले (n + l) नियम के अनुसार, 4s और 3d में से इलेक्ट्रॉन पहले किसमें प्रवेश करेगा?
(a) 3d में, क्योंकि इसका मुख्य क्वांटम संख्या छोटा है
(b) 4s में, क्योंकि इसके लिए (n + l) का मान कम है
(c) दोनों में एक साथ प्रवेश करेगा
(d) यह परमाणु के आकार पर निर्भर करेगा
Ans. (b)
Solution: 4s के लिए n=4, l=0 यानी (n+l) = 4 है। 3d के लिए n=3, l=2 यानी (n+l) = 5 है। चूंकि 4s के लिए मान कम है, इसकी ऊर्जा कम होगी और इलेक्ट्रॉन इसमें पहले भरेगा।
Q93. आवर्त सारणी में शून्य समूह (Group 18) के तत्वों (जैसे हीलियम, नियॉन, आर्गन) को 'अक्रिय गैसें' क्यों कहा जाता है?
(a) क्योंकि ये अत्यधिक विषैली होती हैं
(b) क्योंकि इनकी बाहरी कक्षा पूरी तरह भरी (स्थिर अष्टक) होती है जिससे ये रासायनिक रूप से निष्क्रिय होती हैं
(c) क्योंकि ये बहुत भारी होती हैं
(d) ये ठोस अवस्था में पाई जाती हैं
Ans. (b)
Solution: इन गैसों की सबसे बाहरी कक्षा में 8 इलेक्ट्रॉन (हीलियम में 2) पूरे होते हैं। पूर्ण रूप से संतुष्ट विन्यास के कारण इन्हें न तो इलेक्ट्रॉन लेने की आवश्यकता होती है और न देने की, इसलिए ये अक्रिय (Inert) होती हैं।
Q94. अल्फा कण (Alpha Particles), जिनका उपयोग रदरफोर्ड ने किया था, वास्तव में क्या होते हैं?
(a) तीव्र गति वाले इलेक्ट्रॉन
(b) उच्च ऊर्जा वाले विद्युत चुंबकीय फोटॉन
(c) द्वि-आवेशित हीलियम नाभिक (He2+ Ions)
(d) हाइड्रोजन के आयन
Ans. (c)
Solution: अल्फा कण वास्तव में हीलियम के परमाणु होते हैं जिनसे दोनों इलेक्ट्रॉनों को हटा दिया गया हो (He2+)। इन पर दो इकाई का धनावेश और चार इकाई का द्रव्यमान होता है।
Q95. मुख्य क्वांटम संख्या (n) परमाणु के संदर्भ में मुख्य रूप से किस जानकारी को दर्शाती है?
(a) कक्षक की त्रिविम दिशा
(b) मुख्य ऊर्जा स्तर या कोश का आकार और उसकी ऊर्जा (Size and Energy of Shell)
(c) उपकोश की आकृति
(d) इलेक्ट्रॉन के चक्रण की दिशा
Ans. (b)
Solution: मुख्य क्वांटम संख्या (n) इलेक्ट्रॉन के मुख्य कोश (K, L, M, N...) को बताती है, जिससे नाभिक से कक्षक की औसत दूरी (आकार) और उसकी कुल ऊर्जा का पता चलता है।
Q96. यदि किसी परमाणु के नाभिक में 8 प्रोटॉन और 10 न्यूट्रॉन मौजूद हैं, तो उस परमाणु की द्रव्यमान संख्या (Mass Number) कितनी होगी?
(a) 8
(b) 10
(c) 18
(d) 2
Ans. (c)
Solution: द्रव्यमान संख्या (A) = प्रोटॉन की संख्या + न्यूट्रॉन की संख्या = 8 + 10 = 18। (यह ऑक्सीजन का एक समस्थानिक है)।
Q97. रदरफोर्ड के परमाणु मॉडल के अनुसार, इलेक्ट्रॉन नाभिक के चारों ओर चक्कर लगाते हैं। इस मॉडल की स्थिरता (Stability) पर किस वैज्ञानिक के सिद्धांत ने प्रश्नचिह्न लगाया था?
(a) जॉन डाल्टन
(b) क्लार्क मैक्सवेल (James Clerk Maxwell)
(c) जे. जे. थॉमसन
(d) नील्स बोर
Ans. (b)
Solution: मैक्सवेल के विद्युत-चुंबकीय सिद्धांत के अनुसार, कोई भी आवेशित कण जब त्वरित गति (वृत्ताकार पथ) में घूमेगा, तो वह लगातार ऊर्जा बाहर निकालेगा। इस तरह इलेक्ट्रॉन को अंततः नाभिक में गिर जाना चाहिए था, जिसे रदरफोर्ड नहीं समझा सके।
Q98. परमाणु के 'p-उपकोश' (p-Subshell) की आकृति गणितीय और त्रिविम रूप से कैसी होती है?
(a) पूरी तरह गोलाकार
(b) डंबलाकार (Dumb-bell)
(c) द्विडंबलाकार
(d) जटिल और अनिश्चित
Ans. (b)
Solution: s-कक्षक गोलाकार होता है, जबकि p-कक्षक की आकृति डंबलाकार (Dumb-bell) होती है। इसके तीन रूप होते हैं: px, py और pz जो अक्षों पर स्थित होते हैं।
Q99. परमाणु संरचना के विकास में 'क्वांटम सिद्धांत' (Quantum Theory) की नींव रखने का श्रेय किस भौतिक विज्ञानी को दिया जाता है?
(a) अल्बर्ट आइंस्टीन
(b) मैक्स प्लांक (Max Planck)
(c) नील्स बोर
(d) हाइजेनबर्ग
Ans. (b)
Solution: 1900 में मैक्स प्लांक ने क्वांटम सिद्धांत दिया था, जिसके अनुसार ऊर्जा का अवशोषण या उत्सर्जन सतत न होकर छोटे-छोटे बंडलों के रूप में होता है जिन्हें 'क्वांटम' या 'फोटॉन' कहते हैं (E = hν)।
Q100. किसी तत्व के रासायनिक गुण (Chemical Properties) आवर्त सारणी में और वास्तविक रूप में मुख्य रूप से किसके द्वारा निर्धारित होते हैं?
(a) परमाणु के कुल द्रव्यमान द्वारा
(b) नाभिक में उपस्थित न्यूट्रॉनों की कुल संख्या द्वारा
(c) परमाणु के परमाणु क्रमांक या इलेक्ट्रॉनिक विन्यास द्वारा (Electronic Configuration)
(d) परमाणु के भौतिक आकार द्वारा
Ans. (c)
Solution: रासायनिक अभिक्रियाओं में केवल परमाणु के बाहरी इलेक्ट्रॉन ही भाग लेते हैं। इसलिए किसी तत्व का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास और उसका परमाणु क्रमांक ही उसके सभी रासायनिक गुणों को तय करता है।
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